मैं विनय करूँ हनुमान – श्रृंखला-3

  1. मैं विनय करूँ हनुमान
  2. राम भजो मन मेरे
  3. श्याम तुम आए
  4. हर गम इक आग लगता है
  5. रोम - रोम तेरे राम विराजे
  6. रे मन अपने आप से रूठा
  7. सावन के दिन गये बीत
  8. माया का पिंजरा जिसको भाया